चैन मिलता था जिसे आके पनाहों में मेरी, आज देता है वही अश्क निगाहों में मेरी….December 24, 2014 Leave a comment 11 Viewsचैन मिलता था जिसे आके पनाहों में मेरी,आज देता है वही अश्क निगाहों में मेरी….
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